मसूरी: पहाड़ों की रानी मसूरी के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल कंपनी गार्डन का नाम अब अटल उद्यान होगा। अंग्रेजों के शासनकाल में 182 साल पहले स्थापित इस गार्डन को नया नाम देते हुए गुरुवार को कृषि मंत्री गणेश जोशी और शहरी विकास मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल ने इसका औपचारिक उद्घाटन किया।
अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर गौरवशाली पहल
कार्यक्रम में कृषि मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि यह ऐतिहासिक क्षण उत्तराखंड और मसूरी के लिए गर्व का विषय है। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी, जिन्होंने अलग उत्तराखंड राज्य की नींव रखी, का मसूरी से गहरा संबंध रहा है। उनके नाम पर गार्डन का नामकरण गुलामी के प्रतीक को हटाने का प्रयास है। जल्द ही गार्डन में वाजपेयी की एक भव्य प्रतिमा स्थापित की जाएगी।
शहरी विकास मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल ने कहा कि लंबे समय से गार्डन के नाम को बदलने की मांग की जा रही थी। निकाय चुनाव को लेकर उन्होंने कहा कि जल्द ही चुनाव कराए जाएंगे।
Also Read
- चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की मौत का आंकड़ा 271 पहुंचा, स्वास्थ्य सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
- सचिवालय में महिला अधिकारी से अभद्रता का आरोप, उपनल कर्मचारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज
- देहरादून में दशहरा महोत्सव में पहुंचे CM धामी, श्रीराम के आदर्श अपनाने का किया आह्वान
- रेखा आर्या पर पति का पलटवार, ₹210 करोड़ की संपत्ति की जांच की मांग; बोले- जल्द खोलूंगा पूरा कच्चा चिट्ठा
- जिला मजिस्ट्रेट न्यायालय में अभद्रता करने पर अधिवक्ता के लाइसेंस निरस्तीकरण की संस्तुति
इतिहास: 1842 में हुआ था गार्डन का निर्माण
इतिहासकार जयप्रकाश उत्तराखंडी के अनुसार, कंपनी गार्डन की स्थापना 1842 में डॉ. एच. फाकनर द्वारा की गई थी। पहले इसे “म्युनिसिपल गार्डन” कहा जाता था, जिसे बाद में “कंपनी गार्डन” नाम दिया गया।
आगे की योजनाएं
मसूरी के इस ऐतिहासिक स्थल पर अब अटल बिहारी वाजपेयी की विशाल प्रतिमा स्थापित करने की तैयारी है। साथ ही एमपीजी कॉलेज और टाउन हॉल के नाम बदलने पर भी काम किया जाएगा।
उत्तराखंड के लिए ऐतिहासिक कदम
कंपनी गार्डन को अटल उद्यान नाम देने का यह निर्णय उत्तराखंड की सांस्कृतिक और राजनीतिक विरासत को संजोने की दिशा में बड़ा कदम है। मसूरी आने वाले पर्यटकों को अब एक नया अनुभव मिलेगा।






