आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल के आशियाने का पता जल्द बदलने वाला है। उन्होनें नई दिल्ली विधानसभा क्षेत्र में नया ठिकाना फाइनल कर लिया है। वो अपने परिवार के साथ नवरात्रि में शिफ्ट हो जाएंगे।
2 घरों पर गहनता से विचार
रिपोर्ट्स के मुताबिक केजरीवाल ने कहा था कि वे रहने के लिए ऐसा मकान चाहते हैं जो नई दिल्ली विधानसभा क्षेत्र में हो और संपत्ति विवाद में न हो। लोगों की आवाजाही से आसपास के लोगों को दिक्कत न हो। वहीं बताया जा रहा है कि केजरीवाल के लिए कई घरों से ऑफर आ रहे थे लेकिन अब उन्होनें 2 घरों पर गहनता से विचार किया जा रहा है। दोनों ही बंगले लुटियंस दिल्ली के फिरोजशाह रोड पर है, यह दोनों बंगले आप पार्टी के 2 राज्यसभा सांसदों को आवंटित हैं।
Also Read
- मां, मैं जीना चाहता हूं…, SIR ड्यूटी में लगे BLO का आत्महत्या से पहले का VIDEO आया सामने, फूट-फूट कर रोते दिखे – Khabar Uttarakhand
- पंचायतीराज विभाग और भारतीय प्रबंधन संस्थान (IIM) काशीपुर के बीच एमओयू
- उत्तराखंड की चारधाम यात्रा ने तोड़े सारे रिकॉर्ड, आंकड़ों में दर्ज हुआ नया इतिहास, अभी और चलेगी यात्रा
- बदरीनाथ-केदारनाथ धाम पहुंचे मुकेश अंबानी, विशेष पूजा-अर्चना कर लिया बाबा का आशीर्वाद
- सीएस ने ली झुग्गी पुनर्विकास की समीक्षा बैठक, सर्वे और आवास आवंटन के दिए निर्देश
यहां शिफ्ट हो सकते हैं केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल का पहला संभावित घर, फिरोजशाह रोज, जो पंजाब से आप पार्टी के राज्यसभा सांसद अशोक मित्तल को ये घर आवंटित किया हुआ है। हालांकि अशोक मित्तल अपने इस सरकारी आवास में नहीं रहते हैं बल्कि अशोक मित्तल के कर्मचारी ही उनके सरकारी बंगले में रहते हैं।
वहीं अरविंद केजरीवाल का दूसरा संभावित ठिकाना, 10 फिरोजशाह रोड हो सकता है। यह सरकारी आवास दिल्ली से आप पार्टी के राज्यसभा सांसद ND गुप्ता को आवंटित किया हुआ है। हालांकि ND गुप्ता भी इस बंग्ले में नहीं रहते हैं। वह अपने परिवार के साथ अपने निजी आवास में रहते हैं।
अपने लिए नहीं बना पाए केजरीवाल घर
बता दें कि अरविंद केजरीवाल को दिल्ली का सीएम रहते हुए सिविल लाइंस का बंगला नं 6 फ्लैग स्टाफ रोड पर आवंटित था। फिलहाल केजरीवाल इसी बंगले में रहते हैं लेकिन अगले 1 या 2 दिनों में वे बंगला खाली कर देंगे। सरकारी बंगला और सुविधाएं छोड़ने का ऐलान करते हुए केजरीवाल ने कहा था कि वो 10 सालों तक दिल्ली के सीएम रहे लेकिन इन 10 सालों में अपने लिए एक घर दिल्ली में नहीं बना पाए, क्योंकि वो कट्टर इमानदार हैं।





