देहरादून। उत्तराखंड में विकास की नई इबारत लिखने के लिए चार महत्वाकांक्षी परियोजनाओं पर तेजी से काम शुरू किया जा रहा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इन प्रोजेक्ट्स को धरातल पर उतारने के लिए जून 2026 की समय-सीमा तय कर दी है। इन परियोजनाओं में वेडिंग डेस्टिनेशन, गंगा और शारदा कॉरिडोर डेवलपमेंट, नॉलेज सिटी और दो नए शहरों का निर्माण शामिल है।
1. वेडिंग डेस्टिनेशन
उत्तराखंड को वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में वैश्विक पहचान दिलाने के लिए पर्यटन विभाग को चार सप्ताह के भीतर नीति तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
- त्रियुगीनारायण मंदिर और ओंकारेश्वर मंदिर को पहले से ही वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में विकसित किया गया है।
- अन्य स्थलों को भी चुना जाएगा और वेडिंग प्लानर व होटल समूहों के साथ सहयोग किया जाएगा।
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी उत्तराखंड को वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में विकसित करने पर जोर दिया था।
2. गंगा और शारदा कॉरिडोर डेवलपमेंट
मुख्यमंत्री ने गंगा और शारदा कॉरिडोर के पौराणिक और आध्यात्मिक महत्व को ध्यान में रखते हुए चरणबद्ध तरीके से इसे विकसित करने के निर्देश दिए हैं।
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- यह कॉरिडोर पर्यटन, तीर्थाटन और सांस्कृतिक महत्व के लिहाज से बेहद खास होगा।
3. डाकपत्थर में नॉलेज सिटी
डाकपत्थर में नॉलेज सिटी विकसित की जाएगी।
- यह क्षेत्र शिक्षा, अनुसंधान और तकनीकी विकास के लिए एक प्रमुख केंद्र बनेगा।
4. दो नए शहरों का निर्माण
राज्य में दो नए शहरों को आधुनिक सुविधाओं के साथ विकसित करने की योजना है।
- इन शहरों की योजना आगामी 25 वर्षों की जरूरतों को ध्यान में रखकर बनाई जाएगी।
- मुख्यमंत्री ने जोर दिया कि ये शहर विरासत और विकास के मॉडल पर आधारित होंगे।
विरासत और विकास का मॉडल
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड विरासत के साथ विकास की राह पर आगे बढ़ेगा।
- यूआइआइडीबी को राज्य की आवश्यकताओं के अनुरूप कार्य करने और शीघ्र परिणाम देने के निर्देश दिए गए हैं।
- प्रधानमंत्री मोदी के वर्ष 2047 तक विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने के लिए दीर्घकालीन योजनाएं तैयार की जा रही हैं।
विशेष ध्यान
- नाइट लैंडिंग की सुविधा: देहरादून और पंतनगर एयरपोर्ट में नाइट लैंडिंग की व्यवस्था पर भी कार्य प्रारंभ होगा।
- परियोजनाओं की नियमित समीक्षा: सभी परियोजनाओं की समय-समय पर समीक्षा की जाएगी ताकि योजनाएं समय पर पूरी हों।
बैठक में उपस्थिति:
बैठक में कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, विधायक मदन कौशिक व रेनू बिष्ट, मुख्य सचिव राधा रतूड़ी और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।






