हिंदी सिनेमा ने आज एक रत्न को खो दिया। लंबे समय से बीमारी से जूझ रहे दिग्गज अभिनेता मनोज कुमार का आज सुबह यानी 4 अप्रैल को निधन(Manoj Kumar Death) हो गया। अपनी देशभक्ति से भरी फिल्मों के लिए फेमस मनोज कुमार ने मुंबई के कोकिलाबेन धीरूभाई अंबानी अस्पताल में सुबह करीब 3:30 बजे आखिरी सांस ली।
मौत का कारण दिल से जुड़ी बिमारियां था। उनके जाने से आज पूरा देश शौक में डूबा है। ऐसे में चलिए उनके फिल्मी करियर के बारे में जानते है। साथ ही जानते है कि वो अपने पीछे कितनी संपत्ति(Manoj Kumar Net Worth) छोड़ कर गए है।

मनोज कुमार की कितनी थी नेटवर्थ Manoj Kumar Net Worth
13 जुलाई 1937 को पाकिस्तान के ऐबटाबाद में उनका जन्म हुआ। उनके पिता का नाम हिरकिशन गिरि गोस्वामी था। बंटवारे के बाद उनका परिवार दिल्ली आ गया। मनोज को फिल्मों से काफी लगाव था। 1949 में दिलीप कुमार की फिल्म शबनम के किरदार से प्रेरित होकर उन्होंने बॉलीवुड में आते ही अपना नाम मनोज कुमार रख लिया था। उनकी संपत्ति की बात करें तो वैसे कोई क्लीयर डाटा मौजूद नहीं है। लेकिन खबरों की माने तो मनोज कुमार की नेट वर्थ 20 मिलियन डॉलर यानी कि करीब 170 करोड़ रुपए आंकी गई है।
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इन फिल्मों से मिली पहचान Manoj Kumar Films
actor manoj kumar के फिल्मी करियर की बात करें तो उन्होंने एक अभिनेता, निर्देशक और स्किप्ट राइटर के तौर पर काम किया। अभिनय के साथ उन्होंने कई फेमस फिल्मों को डायरेक्ट भी किया। बॉक्स ऑफिस पर ये फिल्में काफी हिट भी रहीं। मनोज कुमार की इन फिल्मों ने उन्हें हिंदी सिनेमा का महान कलाकार बना दिया। जिसमें हरियाली और रास्ता (1962), हिमालय की गोद में (1965), वो कौन थी? (1964), शहीद (1965), पूरब और पश्चिम (1970), उपकार (1967), रोटी कपड़ा और मकान (1974) और क्रांति (1981) शामिल है।
Actor Manoj Kumar को मिले पुरस्कार और सम्मान
अपने फिल्मी करियर में मनोज कुमार को कई सारी पुरस्कार मिले। साल 1992 में उन्हें उनके सिनेमा में योगदान के लिए देश के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार ‘पद्म श्री’ से सम्मानित किया गया था। उपकार और रोटी कपड़ा और मकान के लिए उन्हें बेस्ट डायरेक्टर फिल्मफेयर अवार्ड से भी नवाजा गया था। साल 1957 में आई फिल्म फैशन में एक छोटे से रोल से उन्होंने अभिनय की शुरुआत की। साल 1960 में उन्होंने फिल्म कांच की गुड़िया में लीड रोल निभाया। साल 1962 में उन्हें फिल्म ‘हरियाली और रास्ता ने पहचान दिलाई।





